सेक्टर पदाधिकारी सह सेक्टर पुलिस पदाधिकारी का प्रशिक्षण संपन्न
- सुनील कुमार, जिला ब्यूरो चीफ रोहतास
- Aug 28, 2025
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रोहतास। विधानसभा आम निर्वाचन 2025 को लेकर जिला निर्वाचन पदाधिकारी -सह-जिला पदाधिकारी, रोहतास उदिता सिंह की अध्यक्षता मे सेक्टर पदाधिकारी तथा सेक्टर पुलिस पदाधिकारी का प्रशिक्षण प्रारंभ हुआ। रोहतास जिला के सभी सात विधान सभाओं के लिए 254 सेक्टर गठित किये गये हैं। आज प्रथम पाली में 207 - चेनारी एवं 208 - सासाराम विधानसभा के सेक्टर पदाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी तथा द्वितीय पाली में 209 - करगहर एवं 211- नोखा विधानसभा के सेक्टर पदाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी को प्रशिक्षण दिया गया। इसी क्रम में 210 दिनारा , 212 - डिहरी एवं 213 - काराकाट विधानसभा के सेक्टर पदाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी का प्रशिक्षण 29 अगस्त को दिया जाना है।
सेक्टर पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए पुलिस अधीक्षक रोहतास द्वारा बताया गया कि सेक्टर पदाधिकारी के पास औसतन 10-12 मतदान केन्द्र हैं,जहाँ एक से दो घंटे की अवधि में आसानी से पहुँच सकते हैं। मतदान केन्द्र पर न्यूनतम सुविधा की उपलब्धता, आदर्श आचार संहिता का अनुपालन, मतदाता जागरूकता, वृद्धजनों एवं पीडब्लूडीएस को पोस्टल बैलेट के माध्यम से मतदान कराने में सेक्टर ऑफिसर की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। साथ ही मतदान-दिवस को पीडब्लू डीएस को मिलने वाली सुविधायें तथा लाइव वेबकास्टिंग में सेक्टर आफिसर महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिला पदाधिकारी द्वारा संबोधित करते हुए कहा गया कि सेक्टर ऑफिसर निर्वाचन के अत्यंत महत्वपूर्ण कडी होते हैं,जो लम्बे समय तक कार्य करते हैं तथा निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी, जिला निर्वाचन पदाधिकारी तथा जोनल दण्डाधिकारी के बीच समन्वय स्थापित करते हैं।
मतदान के सात दिन पूर्व यह सेक्टर दण्डाधिकारी हो जाते हैं। भेद्यता मानचित्रण में भी सेक्टर ऑफिसर की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। भेद्यता का तात्पर्य कोई निर्वाचक या निर्वाचकों का समूह जिसके स्वतंत्र एवं निष्पक्ष तरीके से गताधिकार को अनुचित प्रभाव या बल के माध्यम से प्रभावित किये जाने की संभावना है। ऐसे निर्वाचक या निर्वाचकों के समूह भेद्य निर्वाचक कहे जाते हैं। सेक्टर ऑफिसर न केवल भेद्य मतदाताओं की पहचान करते हैं, बल्कि भेद्यता के कारकों की भी पहचान करते हैं, जिसके विरूद्ध प्रशासन निवारक कार्रवाई करते हुए सभी व्यक्तियों को भयमुक्त वातावरण में मतदान के अवसर की उपलब्धता सुनिश्चित करता है। सेक्टर ऑफिसर स्वीप गतिविधियों, मतदाता सूचना, पर्ची के वितरण,एएसडी बनाने की कार्रवाई का पर्यवेक्षण करते हैं तथा समाग्री वितरण से लेकर मॉकपोल, ईवीएम परिवर्तन, ई०वी०एम० संग्रहण निर्धारित अवधि तक मतदान समाप्त होने, निर्वाचन अभिकर्ताओं को पड़े मतो की संख्या संबंधित सूचना उपलब्ध कराने तथा मॉक पोल के समय खराब हुए ई०वी०एम० और रिजर्व ई०वी०एम० को जमा करने एवं प्रति 02 घंटे में मतदान की सूचना देने आदि में इनकी महत्त्वपूर्ण भूमिका होती है। जिला निर्वाचन पदाधिकारी द्वारा सभी सेक्टर ऑफिसर एवं सेक्टर पुलिस ऑफिसर को आयोग द्वारा निर्धारित कार्यों को ससमय पूर्ण करने का निदेश दिया गया। साथ ही बताया गया कि आयोग द्वारा दिए गये निदेशों मे यदि कोई परिवर्तन होता है तो इसकी सूचना आप सभी को उपलब्ध करायी जायेगी।


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