खेत खाएं गदहा, मार खाएं जुलाहा,

संवाददाता रूपेश कुमार दुबे की रिपोर्ट 

दूसरे व्यक्ति के नाम जारी वारंट में कार्रवाई, एसपी ने थाने से मांगा स्पष्टीकरण

कैमूर / जिला के दरा थाना क्षेत्र के पचरा गांव निवासी कन्हैया लाल सिंह ने कुदरा पुलिस पर बिना वारंट गिरफ्तार कर करीब 24 घंटे तक थाना हाजत में रखने तथा हथकड़ी लगाकर न्यायालय भेजने के मामले में कैमूर के पुलिस अधीक्षक शिखर चौधरी को लिखित आवेदन देकर मामले की जांच कर दोषी पुलिस पदाधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।



पुलिस अधीक्षक को दिए आवेदन में कन्हैया लाल सिंह का कहना है कि 15 अक्टूबर 2026 की शाम करीब सात बजे कुदरा पुलिस उनके घर पचरा पहुंची और उन्हें गिरफ्तार कर थाना ले गई। उनका कहना है कि उन्हें हाजत में बंद कर दिया गया। गिरफ्तारी का कारण पूछने पर पुलिस पदाधिकारियों ने उनके खिलाफ वारंट होने की बात कही।

शिकायतकर्ता के अनुसार, उन्होंने पुलिसकर्मियों को बताया कि उनके खिलाफ कोई वारंट नहीं है, तथा जिस व्यक्ति के नाम वारंट जारी हुआ है, वह अलग व्यक्ति है।अपनी बात स्पष्ट करने और छोड़ने का अनुरोध करने के बावजूद उन्हें नहीं छोड़ा गया। उनका कहना है कि रातभर हाजत में रखने के साथ ही खाना पानी भी एनहीं दिए जाने का भी

आवेदन के मुताबिक, अगले दिन करीब चार बजे उन्हें हथकड़ी लगाकर न्यायालय भेजा गया। कन्हैया लाल सिंह का दावा है कि न्यायालय में अपनी बात रखने के बाद यह स्पष्ट हुआ कि संबंधित मामले में वे अभियुक्त नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि दूसरे व्यक्ति के नाम जारी वारंट के आधार पर उन्हें हिरासत में लेकर न्यायालय भेजा गया, जिससे उन्हें मानसिक परेशानी और सामाजिक रूप से अपमान का सामना करना पड़ा।

शिकायतकर्ता ने पुलिस पदाधिकारियों पर पद के दुरुपयोग और गैरकानूनी तरीके से हिरासत में रखने का आरोप लगाते हुए पूरे मामले की जांच कराने तथा दोषी पाए जाने वाले लोगों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की मांग की है।

इधर, पुलिस अधीक्षक शिखर चौधरी ने बताया कि आवेदन प्राप्त होते ही कुदरा थाने से स्पष्टीकरण मांगा गया है। मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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