भिवंडी उपजिला अस्पताल को जिला अस्पताल का दर्जा देने की संसद में उठी मांग
- महेंद्र कुमार (गुडडू), ब्यूरो चीफ भिवंडी
- Mar 27, 2025
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भिवंडी। भिवंडी शहर और ग्रामीण क्षेत्रों की तेजी से बढ़ती जनसंख्या के बीच, नागरिकों को आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने में प्रशासन असफल साबित हो रहा है। इसी मुद्दे को लेकर भिवंडी लोकसभा क्षेत्र के सांसद सुरेश म्हात्रे उर्फ बाळ्या मामा ने बुधवार को संसद में स्व. इंदिरा गांधी स्मृति उपजिला अस्पताल को जिला अस्पताल का दर्जा देने की मांग की।
भिवंडी में स्व. इंदिरा गांधी स्मृति उपजिला अस्पताल ही एकमात्र प्रमुख सरकारी अस्पताल है, लेकिन यहां कर्मचारियों की कमी और अपर्याप्त सुविधाओं के कारण मरीजों को उचित इलाज नहीं मिल पा रहा है। वर्तमान में अस्पताल में 100 बेड की क्षमता है, और इसे अतिरिक्त 100 बेड की स्वीकृति मिल चुकी है। हालांकि, अस्पताल में पहले 112 पद स्वीकृत थे, जिनमें से अब 258 नए पद मंजूर किए गए हैं। लेकिन इन नए पदों के लिए प्रशासनिक स्वीकृति अभी तक नहीं मिली, जिससे अस्पताल में पहले से कार्यरत कर्मचारियों पर अतिरिक्त कार्यभार बढ़ गया है। गंभीर बीमारियों और जोखिमभरी प्रसूति के मामलों में मरीजों को मुंबई या ठाणे के बड़े अस्पतालों में रेफर किया जाता है। कई बार मरीजों की सही समय पर इलाज न मिलने से रास्ते में ही मौत हो जाती है। इस स्थिति को देखते हुए सांसद बाळ्या मामा ने सरकार से भिवंडी उपजिला अस्पताल को जिला अस्पताल का दर्जा देने और इसे अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाओं से लैस करने की मांग की है।


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