सत्ता की राजनीति- जातिगत कानूनों की बढ़ोतरी, राष्ट्र गृहयुद्ध की ओर अग्रसर
- कुमार चन्द्र भुषण तिवारी, उप संपादक बिहार
- Jan 08, 2026
- 773 views
मनुस्मृति दहन तो किसी व्यक्ति विशेष की क्यों नहीं, माननीय न्यायालय का आभार- अध्यक्ष
हरियाणा-- सत्ता की राजनीति जातिगत कानून की बढ़ोतरी राष्ट्र गृह युद्ध की ओर अग्रसर, मनुस्मृति की प्रतियां दहन हो सकता है तो किसी व्यक्ति विशेष की छाया प्रति क्यों नहीं। उक्त बातें कैथल जिला स्थित राष्ट्रीय सवर्ण समाज संघ राष्ट्रीय कार्यालय से भेंट वार्ता के दौरान राष्ट्रीय सवर्ण समाज संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुरेंद्र मालखेड़ी के द्वारा राष्ट्र में चल रहे जातिगत कानूनों की वजह से राष्ट्र की अंधकारमय भविष्य को देखते हुए चिंता व्यक्त किया गया। उन्होंने कहा विगत दिनों ग्वालियर मध्यप्रदेश का प्रकरण उदाहरण है,की कोर्ट से फरार बलात्कार जैसे संगीन मामले का आरोपी ग्वालियर पुलिस प्रशासन में फर्जी रिपोर्ट दर्ज करवाता है, जिससे अनील मिश्रा व अन्य लोगों को पुलिस प्रशासन बिना एफ आई आर दर्ज किए गिरफ्तार किया और बाद में एफ आई आर दर्ज करती यह मामला राजनीति से प्रेरित है। वही उनके द्वारा अनिल मिश्रा की रिहाई के लिए न्यायालय का आभार व्यक्त किया।


रिपोर्टर