घट रहा देह व्यापार, शिक्षा की रोशनी से बच्चों के जीवन में मुस्कान
- महेंद्र कुमार (गुडडू), ब्यूरो चीफ भिवंडी
- Sep 01, 2025
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भिवंडी। भिवंडी शहर के हनुमान टेकरी क्षेत्र, जो कभी देह व्यापार के गढ़ के रूप में बदनाम था, अब धीरे-धीरे अपनी तस्वीर बदल रहा है। करीब सात वर्ष पूर्व जहां इस बस्ती में 1500 से 2000 महिलाएं देह व्यापार में लिप्त थीं, वहीं अब इनकी संख्या घटकर मात्र 200 से 250 तक सिमट गई है। इस सकारात्मक बदलाव के पीछे है श्री साईं सेवा संस्था और उसकी अध्यक्षता स्वाति सिंह का प्रयास। स्वाति सिंह ने वर्ष 2018 में श्रमजीवी संघटना की मदद से यहां पहला अभ्यासिका केंद्र शुरू किया था। शुरुआत में कठिनाइयों और विरोध का सामना करना पड़ा, लेकिन धीरे-धीरे बच्चे पढ़ाई की ओर आकर्षित होने लगे। आज स्थिति यह है कि बच्चों की बढ़ती संख्या और उनकी शिक्षा में रुचि ने महिलाओं के जीवन को भी नई दिशा दी है।
संस्था का मानना है कि जब तक बच्चों का माहौल और संगत नहीं बदलती, तब तक वास्तविक परिवर्तन संभव नहीं। लगातार समुपदेशन और प्रोत्साहन के बाद अब कई महिलाएं अपने बच्चों को सरकारी हॉस्टलों और साथी संस्था के छात्रावासों में दाखिला दिला चुकी हैं। इससे बच्चों को सुरक्षित और शैक्षिक वातावरण मिल रहा है।
श्री साईं सेवा संस्था के कामकाज को देखते हुए हाल ही में भिवंडी मनपा ने भी कदम बढ़ाते हुए अभ्यासिका केंद्र के लिए गार्डन परिसर में हॉल उपलब्ध कराया है। यह कदम महिलाओं और बच्चों के लिए नई उम्मीद साबित हो रहा है। स्वाति सिंह कहती हैं, अब बस्ती का कोई भी बच्चा दलाल या गुंडा नहीं बनेगा, बल्कि पढ़-लिखकर अपनी मां को इस गली से बाहर ले जाएगा। वहीं महिलाएं भी मानती हैं कि शिक्षा ही उनके बच्चों के भविष्य को संवार सकती है। आज हनुमान टेकरी की गलियों में बदलाव की आहट साफ सुनाई देती है। जहां कभी मजबूरी और अंधकार का साया था, वहां अब शिक्षा की ज्योति और बच्चों की मुस्कान बिखर रही है।


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