रिटायरमेंट के बाद भी नहीं टूटा भिवंडी मनपा का मोह
- महेंद्र कुमार (गुडडू), ब्यूरो चीफ भिवंडी
- Nov 03, 2025
- 418 views
पूर्व कर्मचारी रोज लगाते हैं हाजिरी, फाइलों तक बरकरार है पहुंच
भिवंडी। भिवंडी-निजामपुर शहर महानगर पालिका में भ्रष्टाचार और अनियमितता की चर्चाओं के बीच अब एक नया मामला उजागर हुआ है। कई सेवानिवृत्त कर्मचारी और अधिकारी, जिनका सेवा कार्यकाल समाप्त हो चुका है, आज भी रोजाना मनपा मुख्यालय पहुंच रहे हैं। इनमें कुछ ऐसे भी हैं जो सुबह सात बजे से पहले ही हाजिरी लगाकर फाइलों में दखल देते हैं और नियमित कर्मचारियों के आने से पहले ही निकल जाते हैं। नगर प्रशासन से जुड़े सूत्रों के अनुसार, ये पूर्व कर्मचारी बिना किसी वेतन या आधिकारिक आदेश के नागरिकों के काम कराने के नाम पर विभिन्न विभागों में सक्रिय हैं। यह पूरा तंत्र वर्षों से पालिका में चल रहे “सेटिंग सिस्टम” का हिस्सा माना जा रहा है। कई रिटायर कर्मचारी अब भी अपने पुराने कमरों और टेबलों का उपयोग कर रहे हैं तथा फाइलों और कंप्यूटर रिकॉर्ड तक उनकी पहुंच बनी हुई है, जिससे गोपनीय दस्तावेजों की सुरक्षा पर खतरा मंडरा रहा है। एक नागरिक संगठन के प्रतिनिधि ने कहा कि रिटायर कर्मचारियों का रोजाना पालिका में बैठना केवल अनुशासनहीनता नहीं, बल्कि प्रशासनिक व्यवस्था पर सीधा धोखा है। यह स्थिति मनपा प्रशासन की निष्क्रियता और भीतर तक फैले प्रभाव तंत्र को उजागर करती है।जनप्रतिनिधि और सामाजिक संगठन इस पूरे मामले को “पालिका का धोखा” बताते हुए नगर आयुक्त से मांग कर रहे हैं कि सीसीटीवी फुटेज और उपस्थिति रजिस्टर की जांच की जाए, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि कौन-कौन से रिटायर कर्मचारी नियमित रूप से मनपा में आ रहे हैं और किन विभागों की फाइलों से छेड़छाड़ की जा रही है। भिवंडी मनपा प्रशासन इस मामले पर अब तक मौन है। शहर में यह चर्चा तेज है कि रिटायरमेंट के बाद भी कुछ लोग मनपा के गलियारों में सक्रिय रहकर सिस्टम पर अपना प्रभाव बनाए हुए हैं।


रिपोर्टर