न्यायालय परिसर में एक दिवसीय जागरूकता सह- संवेदीकरण कार्यक्रम का आयोजन

सुरक्षित बचपन, सुरक्षित भविष्य और हर बच्चे का अधिकार, सुरक्षा ,शिक्षा, सहभागिता और सम्मान 

ब्यूरो चीफ अंकित कुमार की रिपोर्ट

शिवहर--- नालसा जागृति योजना एवं आशा एसओपी के तहत शिवहर व्यवहार न्यायालय परिसर में एक दिवसीय जागरूकता सह- संवेदीकरण कार्यक्रम का आयोजन एवं कवच परियोजना का किया गया शुभारंभ।

कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश व अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार दीपक कुमार, फैमिली जज दीपक भटनागर, अर समाहर्ता श्री मेधावी, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव न्यायाधीश ललन कुमार एवं अदिति संस्था के प्रतिनिधि रोहित सिंह के द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रजुलत का कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया एवं मुख्य अतिथियों को पौधा देकर सम्मानित भी की गई।

इस कार्यक्रम के दौरान विभिन्न पहलुओं पर विस्तृत रूप से चर्चा की गई। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश दीपक कुमार ने बच्चों के अधिकारों की रक्षा, बाल विवाह, बाल श्रम की रोकथाम एवं संकटग्रस्त बच्चों को त्वरित कानूनी व सामाजिक सहायता पहुंचाने की आवश्यकता पर बोल दिया।

जिला जज ने सुरक्षित बचपन, सुरक्षित भविष्य की परिकल्पना को धरातल पर उतारने के लिए सभी संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाने की बात कही है। वही फैमिली कोर्ट के जज दीपक भटनागर ने बताया है कि बच्चों की सुरक्षा एवं संरक्षण सभी के जवाबदेही है ।बाल विवाह को प्रथा को खत्म करने के लिए जन जागरूकता करने की आवश्यकता है। 

मौके पर सवेरा स्वयं सेवी संगठन के सचिव मोहन कुमार ने मंच का संचालन किया ।इस कार्यक्रम में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी अनुशील कुमार ,पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय, सहायक निदेशक बाल संरक्षण इकाई,जिला प्रोग्राम पदाधिकारी, अध्यक्ष बाल कल्याण समिति, जिला परियोजना प्रबंधक ,महिला एवं बाल विकास निगम, जिला परियोजना प्रबंधक जीविका ,सभी अधिकार मित्र एवं अतिथि संस्था के मनीष कुमार एवं उनकर्मी बाल कल्याण से जुड़े विभिन्न हित धारकों ने हिस्सा लिया


सचिव जिला विधिक सेवा पदाधिकारी न्यायाधीश ललन कुमार ने भी बाल विवाह रोकथाम हेतु जिला विधिक सेवा प्राधिकार के द्वारा शिवहर जिला के विभिन्न प्रखंड, पंचायत, गांव में जागरूकता अभियान चलाने की बात कही है। वही अपर समाहर्ता श्री मेधावी ने बाल श्रम और मानव व्यापार से बच्चों का भविष्य बर्बाद होता है अपने बच्चों को पढ़ने के लिए अपील की है। 


अनुमंडल पदाधिकारी अविनाश कुणाल ने भी जिले वासियों से अपील किया है कि जिले में किसी भी तरह के बाल विवाह जैसे मामले जानकारी में आती है तो अतिशयिक जानकारी दें ताकि बाल विवाह रोकथाम किया जा सके।

रिपोर्टर

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