बीमार बड़ी गोतनी को रक्तदान कर बचाई जान!
- सुनील कुमार, जिला ब्यूरो चीफ रोहतास
- Jul 03, 2025
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रोहतास।समाज में जहाँ अक्सर यह सुनने को मिलता है कि गोतनी-गोतनी के बीच आपसी झगड़े और तकरार आम हो चले हैं, वहीं आज तिलौथू की एक महिला ने अपने कर्म से रिश्तों की परिभाषा ही बदल डाली। बीमार गोतनी की नाजुक स्थिति में उसने न केवल हिम्मत दिखाई, बल्कि अपना रक्त देकर उसकी जान बचा ली।
मामला है तिलौथू प्रखंड क्षेत्र का, जहाँ एक महिला की तबीयत अचानक गंभीर हो गई और डॉक्टरों ने तत्काल रक्त की जरूरत बताई। परिवार में अफरा-तफरी मच गई, लेकिन इसी बीच उनकी गोतनी ने बिना कोई देर किए रक्तदान का संकल्प लिया और तत्काल ब्लड बैंक पहुंचकर रक्तदान किया। समय पर मिला यह रक्त बीमार महिला के लिए जीवनदान साबित हुआ।
इस घटना ने यह सिद्ध कर दिया कि यदि रिश्तों में प्रेम और समझदारी हो, तो कोई भी बाधा बड़ी नहीं होती। इस मानवीय और संवेदनशील पहल ने पूरे क्षेत्र में एक सकारात्मक संदेश फैलाया है। लोग कह रहे हैं —
"खून का रिश्ता भले न हो, लेकिन दिल का रिश्ता सबसे बड़ा होता है!"
गांव और आसपास के इलाकों में इस घटना की खूब सराहना हो रही है। इस प्रेरक कार्य से जहां एक जीवन बचा, वहीं समाज को भी एक मजबूत संदेश मिला कि रिश्तों को यदि सम्मान और समर्पण से निभाया जाए, तो दुनिया को रहने लायक बनाया जा सकता है।


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