आशुतोष ने हासिल किया इंजीनियरिंग में पीएचडी की उपाधि

शिक्षक पुत्र के कारनामे से क्षेत्र में खुशी की लहर लोग दे रहे बधाईयां 


विलेज ऑफ डॉक्टर्स के नाम से मशहूर गांव में इंजीनियरिंग में पीएचडी करने वाले पहले शख्स 


रामगढ़।। प्रखंड क्षेत्र के विलेज ऑफ डॉक्टर्स नाम से मशहूर डरवन में एक और डॉक्टर की संख्या में इजाफा हुआ है। शिक्षक स्व.सुरेंद्र पाण्डेय के द्वितीय पुत्र आशुतोष कुमार पाण्डेय ने पीएचडी की उपाधि हासिल कर परिवार ,समाज ,गांव व जिला का नाम रौशन किया है। डरवन गांव में इंजीनियरिंग के क्षेत्र में इस उपाधि को प्राप्त करने वाले पहले शख्स बने हैं। आशुतोष ने इंटीग्रल विश्वविद्यालय लखनऊ से मैकेनिकल इंजीनियरिंग एंड इनफॉरमेशन टेक्नोलॉजी में पीएचडी की उपाधि हासिल की है।आशुतोष के बड़े भाई डॉक्टर राकेश रौशन पाण्डेय ने बताया कि उसे बचपन से ही शिक्षा के प्रति काफी गहरी रुचि रही है।इन्होंने दादा स्व.ईश्वरदयाल पाण्डेय के सपनों को साकार किया है।बचपन से ही बक्सर में शिक्षक पिता के सानिध्य में रहकर इन्होंने 2001में एमपी हाई स्कूल से प्रथम श्रेणी में 72% अंकों से मैट्रिक उत्तीर्ण की इसके बाद आगे की शिक्षा हेतु दोनों भाई लखनऊ चले गए जहां इन्होंने क्रिश्चियन इंटर कॉलेज से 62%अंकों के साथ इंटर उत्तीर्ण की।तत्पश्चात इच्छा के अनुरूप इन्होंने इंजीनियरिंग का क्षेत्र चुना क्योंकि इनके बड़े भाई मेडिकल के क्षेत्र का चयन कर चुके थे।और इनके मौसा एच.ए.एल(हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड )लखनऊ में उच्च पदाधिकारी थे जिनकी प्रेरणा से इन्होंने इंजीनियरिंग का क्षेत्र चुना।बीटेक, एमटेक करने के बाद इन्होंने गोरखपुर स्थित इंजीनियरिंग कॉलेज के मैकेनिकल विभाग में सेवा देना प्रारंभ किया।सेवारत रहते हुए इन्होंने 2023में पीएचडी की उपाधि हासिल की।बता दें कि परिवार में उच्च शिक्षा का माहौल शुरू से रहा है इनके दो दादा स्व.केशव प्रसाद पांडेय एवं स्व.ईश्वर दयाल पांडेय तथा बड़े पिता स्व .रामाधार पाण्डेय,चाचा पप्पू पाण्डेय एचएम और शिक्षक रहे हैं।इनके चचेरे भाई अविनाश कुमार पाण्डेय बीएचयू से एमटेक करने के बाद महाराष्ट्र में इंजीनियरिंग कॉलेज में प्रोफेसर हैं।इस उपलब्धि से क्षेत्र में खुशी का माहौल व्याप्त है।लोग बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित कर रहे हैं।

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