
AC में बैठ कर अधिकारी मजदूरों को वापस व रोकने के लिए कर रहे हैं फरमान जारी
- महेंद्र कुमार (गुडडू), ब्यूरो चीफ भिवंडी
- Apr 30, 2020
- 1195 views
मजदूर भूख व पैसे नहीं होने के कारण कर रहे हैं पलायन
भिवंडी, ठाणे ।। मुंबई - नासिक महामार्ग पर मजदूरों का जत्था - जत्था पलायन देखने को मिल रहा हैं.वही पर पुलिस के डर से नाकाबंदी स्थानों पर मजदूर जंगल के रास्ते जाने के लिए मजबूर हैं. किसी भी कीमत से अपने अपने गांव जाना चाहते हैं.पैदल या साइकिल से ही 1500 से 2000 किलोमीटर तक सफर करने के लिए निकल जाने के लिए मजबूर हैं. मुंबई ,कल्याण, ठाणे , वसई विरार भिवंडी अन्य शहरों से हजारों मजदूर प्रतिदिन पलायन कर रहे है.इनमें छोटे छोटे बच्चों के साथ महिलाओं का भी समावेश होता हैं.इन मजदूरों से पूछने पर एक ही जबाब मिलता हैं कि यहाँ भूखे मरने से अच्छा अपने गांव में जाकर मरना सही हैं.इसलिए पैदल ही गांव जा रहे हैँ।
सरकारी दावा निकला खोखला
राज्य सरकार द्वारा इन मजदूरों को रोकने के लिए इन्हें दो टाइम भोजन देने के लिए कहा गया था.किन्तु इन्हे प्रतिदिन सिर्फ 150 ग्राम खिचड़ी ही वितरित की जा रही हैं.खिचड़ी लेने के लिए भी दो - दो घंटे कतार में खड़ा रहना पड़ता हैं. कुछ लोगों को अपने हिस्से में खिचड़ी तक नसीब नहीं होती.नबर आते आते सरकारी खिचड़ी भी समाप्त हो जाती हैं.जिसके कारण मजदूरों को पलायन के अलावा दूसरा विकल्प नहीं बचता हैं ।
रिपोर्टर